
बरेली को मिली नई हवाई सौगात: जेवर के लिए पहली उड़ान रवाना, आज से दिल्ली की सीधी फ्लाइट भी हुई शुरू
रिपोर्ट: सौरभ गुप्ता
बरेली। बरेली और आसपास के जिलों के लोगों के लिए बुधवार का दिन नई उम्मीद लेकर आया। लंबे समय से प्रतीक्षित बरेली-जेवर सीधी हवाई सेवा का शुभारंभ हो गया। पहले ही दिन यात्रियों ने इस सुविधा का उत्साह के साथ स्वागत किया। इंडिगो की 78 सीटों वाली विमान सेवा से 49 यात्रियों ने जेवर के लिए उड़ान भरी, जबकि जेवर से बरेली पहुंचे यात्रियों ने भी इस नई कनेक्टिविटी को सुविधाजनक और समय बचाने वाला कदम बताया।
पहली उड़ान के अवसर पर बरेली एयरपोर्ट पर स्वागत कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान बरेली के सांसद छत्रपाल गंगवार ने यात्रियों का अभिनंदन करते हुए कहा कि यह सेवा केवल एक नई हवाई उड़ान नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उनके अनुसार बेहतर हवाई संपर्क से व्यापार, निवेश, शिक्षा, स्वास्थ्य और पर्यटन को नई गति मिलेगी।
उन्होंने बताया कि गुरुवार से बरेली से इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, दिल्ली के लिए भी सीधी उड़ान शुरू हो जाएगी। इससे यात्रियों को देश और विदेश के विभिन्न शहरों के लिए कनेक्टिंग फ्लाइट्स लेने में बड़ी सुविधा मिलेगी। व्यापारियों, छात्रों, नौकरीपेशा लोगों और इलाज के लिए बड़े शहरों का रुख करने वाले मरीजों को इसका विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है।
सांसद ने इस सेवा को शुरू कराने के लिए केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू का आभार जताते हुए कहा कि लंबे समय से इस दिशा में प्रयास किए जा रहे थे, जो अब साकार हुए हैं।
उन्होंने बताया कि बरेली एयरपोर्ट पहले से कुछ प्रमुख शहरों से हवाई संपर्क रखता है और अब जेवर तथा दिल्ली के जुड़ने से क्षेत्र की कनेक्टिविटी और मजबूत होगी। इससे उद्योग, व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ निवेश की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।
सांसद ने यह भी कहा कि भविष्य में बरेली को चेन्नई, हैदराबाद, कोलकाता, गोवा, जम्मू और अहमदाबाद जैसे प्रमुख शहरों से जोड़ने के प्रयास जारी हैं। उन्होंने एयरपोर्ट निदेशक अवधेश अग्रवाल और उनकी टीम की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए शुभकामनाएं दीं।
नई हवाई सेवा के शुरू होने से बरेली की हवाई कनेक्टिविटी को नई मजबूती मिली है। माना जा रहा है कि इससे यात्रियों की आवाजाही सुगम होने के साथ-साथ क्षेत्र के आर्थिक विकास और निवेश को भी नई दिशा मिलेगी।