पुलिस पर हमला करने वाले 28 में से 4 आरोपी गिरफ्तार, पूर्व प्रधान समेत दबंगों की भूमिका उजागर
रिपोर्ट/सौरभ गुप्ता
बरेली।थाना बिथरी चैनपुर क्षेत्र में चोरी की बैटरियों की जांच कर रही SOG टीम पर सुनियोजित तरीके से किए गए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 28 आरोपियों में से 4 को गिरफ्तार कर लिया है। इस हमले में एक कांस्टेबल गंभीर रूप से घायल हुआ था, जबकि दो अन्य पुलिसकर्मी भी चोटिल हुए थे।
घटना 22 जनवरी 2026 की शाम की है, जब एसओजी द्वितीय टीम को चोरी की बैटरियों की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर टीम क्षेत्र में चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक पिकअप वाहन (UP 24 BT 6831) को रोका गया, जिसमें चोरी की बैटरियां ले जाई जा रही थीं। वाहन में सवार तीन संदिग्धों से पूछताछ की जा रही थी।
तभी मौके पर एक स्विफ्ट कार (UP 25 CD 8070) पहुंची, जिससे उतरकर 4–5 लोगों ने पुलिस से अभद्रता शुरू कर दी। पुलिस द्वारा पहचान पत्र दिखाने के बावजूद आरोपियों ने गाली-गलौच, धक्का-मुक्की की और गांव से 20–25 लोगों की भीड़ बुला ली। देखते ही देखते भीड़ ने लाठी-डंडों से एसओजी टीम पर हमला कर दिया।
हमले के दौरान कांस्टेबल मधुर को चारों ओर से घेरकर जान से मारने की नीयत से बेरहमी से पीटा गया। उनकी हालत गंभीर होने पर उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। इसके अलावा हेड कांस्टेबल शशि कुमार सिंह और ज्ञानेन्द्र सिंह भी हमले में घायल हुए हैं।
घटना के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई, जिससे अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद महिलाओं और बच्चों में दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलने पर थाना बिथरी चैनपुर के उप निरीक्षक वैभव गोलियान और कांस्टेबल राहुल तत्काल मौके पर पहुंचे।
पुलिस जांच में सामने आया है कि हमले में 8 नामजद आरोपी शामिल हैं, जिनमें पूर्व प्रधान और गांव के दबंग लोग भी शामिल बताए जा रहे हैं। इसके अलावा 15–16 अज्ञात आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए।
इस मामले में आरोपियों के खिलाफ BNS की धाराएं 191(2), 190, 121, 132, 221, 109 एवं 7 सीएलए एक्ट के तहत गंभीर मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसओजी और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम लगातार दबिश दे रही है और फरार आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।