
बरेली के प्राचीन सोमनाथ मंदिर की भूमि पर अवैध कब्जे का आरोप, डीएम से लगाई न्याय की गुहार
फर्जी दस्तावेजों के सहारे जमीन बेचने की साजिश, पार्किंग स्टैंड का निर्माण शुरू
कार्रवाई न होने पर मंदिर परिसर में भूख हड़ताल की चेतावनी
रिपोर्ट : सौरभ गुप्ता
बरेली। किला कोठी क्षेत्र में स्थित प्राचीन सोमनाथ मंदिर की भूमि पर अवैध कब्जे और निर्माण का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। इस गंभीर विषय को लेकर अखिल भारतीय हिंदू महासभा ने जिला प्रशासन के समक्ष कड़ा विरोध दर्ज कराया है। महासभा के मंडल अध्यक्ष पंकज पाठक के नेतृत्व में मंदिर के पुजारी एवं स्थानीय नागरिकों ने जिला अधिकारी कार्यालय पहुंचकर लिखित शिकायत सौंपते हुए त्वरित कार्रवाई की मांग की।
पंकज पाठक का आरोप है कि अंकित भटनागर पुत्र स्व. रवि प्रकाश भटनागर, अपने सहयोगियों बिलाल खां, हसीन, शुमैल, शमशी और शब्बू के साथ मिलकर फर्जी दस्तावेज तैयार कर मंदिर की जमीन को निजी संपत्ति बताकर बेचने की कोशिश कर रहा है। इतना ही नहीं, आरोपियों द्वारा उक्त भूमि पर अवैध रूप से पार्किंग स्टैंड का निर्माण भी कराया जा रहा है।
महासभा का कहना है कि नगर निगम के आधिकारिक अभिलेखों में यह भूमि न तो आरोपियों के नाम दर्ज है और न ही उनके किसी पूर्वज के नाम पर। इसके बावजूद दबंगई के बल पर जमीन पर कब्जा किया जा रहा है। स्थानीय लोगों और मंदिर प्रशासन ने बताया कि विरोध करने पर उन्हें खुलेआम धमकियां दी जा रही हैं।
मंदिर के पुजारी और क्षेत्रीय निवासियों का आरोप है कि इस मामले में पहले भी कई बार प्रशासन को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से भू-माफियाओं के हौसले लगातार बढ़ते जा रहे हैं।
अखिल भारतीय हिंदू महासभा ने मांग की है कि मंदिर की पवित्र भूमि पर हो रहे अवैध निर्माण को तत्काल प्रभाव से रोका जाए, पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही मंदिर की जमीन की सुरक्षा के लिए स्थायी प्रशासनिक व्यवस्था की भी मांग की गई है।
महासभा ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे मंदिर परिसर में भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे।
शिकायत के दौरान मुख्य पुजारी सोने लाल, रितिक गुप्ता, महेश कुमार, मधु गुप्ता और दिलीप कुमार कश्यप सहित कई स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।