
डीआईजी का दो टूक संदेश: कानून से खेलने वालों को नहीं मिलेगी अब राहत, माफिया और गैंगस्टर पर सख्ती तय
अपराधियों पर कसा शिकंजा: डीआईजी ने कप्तानों को दिए सख्त निर्देश, हर हाल में कार्रवाई के आदेश
बरेली रेंज में अपराध पर सख्ती: डीआईजी की समीक्षा बैठक में माफिया-गैंगस्टर पर बड़ा अल्टीमेटम
रिपोर्ट : सौरभ गुप्ता
बरेली। बरेली रेंज में अपराध और कानून व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। डीआईजी बरेली रेंज अजय कुमार साहनी ने मंगलवार को रेंज स्तरीय समीक्षा बैठक में साफ शब्दों में कहा कि कानून तोड़ने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। माफिया हों या गैंगस्टर, सभी के खिलाफ कठोर और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
समीक्षा बैठक में बरेली, पीलीभीत, बदायूँ और शाहजहांपुर के पुलिस कप्तान मौजूद रहे। डीआईजी ने अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा, सड़क सुरक्षा और थानों की कार्यप्रणाली की बिंदुवार समीक्षा की। लंबित मामलों में तेजी लाने और वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
माफिया, गुंडा, गैंगस्टर एक्ट, सशस्त्र अपराध और गौवध से जुड़े मामलों में की गई कार्रवाई की गहन समीक्षा की गई। वहीं महिला उत्पीड़न, दहेज हत्या, पॉक्सो एक्ट और अन्य संवेदनशील अपराधों के मामलों में बीते तीन वर्षों के आंकड़ों का तुलनात्मक विश्लेषण किया गया। मिशन शक्ति फेज-5.0 के तहत महिला सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन से जुड़े अभियानों की प्रगति पर भी विशेष जोर दिया गया।
डीआईजी ने थानों के नियमित निरीक्षण, अर्दली रूम, मुकदमों के समयबद्ध निस्तारण और हिस्ट्रीशीटरों पर निगरानी को और मजबूत करने के निर्देश दिए। साथ ही मृतक व सेवानिवृत्त पुलिसकर्मियों के पेंशन मामलों और लंबित देयकों के शीघ्र भुगतान पर भी अधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए।
सड़क सुरक्षा को लेकर रोड एक्सीडेंट डाटाबेस, ब्लैक स्पॉट की पहचान और शून्य मृत्यु दर जिला (ZFD) कार्यक्रम की समीक्षा की गई। हेलमेट और सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग को सख्ती से लागू करने तथा यातायात नियमों के उल्लंघन पर कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा हत्या, लूट, स्नेचिंग, नकबजनी, वाहन चोरी, अपहरण, बलात्कार, साम्प्रदायिक घटनाओं और एनडीपीएस एक्ट के मामलों में पुलिस की कार्रवाई का आकलन किया गया। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत अदालतों में प्रभावी पैरवी कर दोषियों को सजा दिलाने पर विशेष बल दिया गया। आगामी त्योहारों को देखते हुए डीआईजी ने सभी जनपद प्रभारियों को सतर्क रहने और कानून व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए।