सरकारी स्कूल बना मजहबी प्रयोगशाला? सिवनी में शिक्षा नहीं, थमाई गई नमाज़—हिंदू छात्रों से लगवाए ‘अल्लाहु अकबर’ के नारे! विडिओ हुआ वायरल…. मध्यप्रदेश, सिवनी! मध्यप्रदेश के सिवनी जिले से एक चौंकाने वाला और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने शिक्षा व्यवस्था और प्रशासन दोनों को कटघरे में खड़ा कर दिया है। आरोप है कि एक सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले हिंदू छात्रों को जबरन नमाज़ पढ़ने के लिए मजबूर किया गया, जबकि बच्चों को यह तक समझ नहीं था कि उनसे क्या करवाया जा रहा है। पीड़ित छात्रों के परिजनों का कहना है कि स्कूल के प्रधानाचार्य ने बच्चों से हाथ उठवाकर ‘अल्लाहु अकबर’ के नारे लगवाए, जिससे बच्चों में डर और मानसिक दबाव की स्थिति बन गई। माता-पिता का आरोप है कि यह सब धार्मिक स्वतंत्रता और संविधानिक मूल्यों के खिलाफ है। घटना के सामने आते ही इलाके में आक्रोश फैल गया, और सवाल उठने लगे कि 👉 क्या सरकारी स्कूलों में अब पढ़ाई की जगह मजहबी एजेंडा चलेगा? 👉 बच्चों के मासूम दिमाग पर धार्मिक दबाव क्यों डाला जा रहा है? मामले की जानकारी मिलते ही स्थानीय संगठनों और अभिभावकों ने कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन की ओर से जांच की बात कही जा रही है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई। यह घटना केवल एक स्कूल तक सीमित नहीं मानी जा रही, बल्कि इसे शिक्षा व्यवस्था में बढ़ती लापरवाही और जवाबदेही की कमी से जोड़कर देखा जा रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि क्या दोषियों पर कार्रवाई होगी या मामला फाइलों में दबा दी जाएगी

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सरकारी स्कूल बना मजहबी प्रयोगशाला? वायरल हुआ विडिओ

सिवनी में शिक्षा नहीं, थमाई गई नमाज़—हिंदू छात्रों से लगवाए ‘अल्लाहु अकबर’ के नारे

मध्यप्रदेश,सिवनी!  मध्यप्रदेश के सिवनी जिले से एक चौंकाने वाला और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने शिक्षा व्यवस्था और प्रशासन दोनों को कटघरे में खड़ा कर दिया है।
आरोप है कि एक सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले हिंदू छात्रों को जबरन नमाज़ पढ़ने के लिए मजबूर किया गया, जबकि बच्चों को यह तक समझ नहीं था कि उनसे क्या करवाया जा रहा है।

पीड़ित छात्रों के परिजनों का कहना है कि स्कूल के प्रधानाचार्य ने बच्चों से हाथ उठवाकर ‘अल्लाहु अकबर’ के नारे लगवाए, जिससे बच्चों में डर और मानसिक दबाव की स्थिति बन गई।

माता-पिता का आरोप है कि यह सब धार्मिक स्वतंत्रता और संविधानिक मूल्यों के खिलाफ है।

👉 क्या सरकारी स्कूलों में अब पढ़ाई की जगह मजहबी एजेंडा चलेगा?
👉 बच्चों के मासूम दिमाग पर धार्मिक दबाव क्यों डाला जा रहा है?

मामले की जानकारी मिलते ही स्थानीय संगठनों और अभिभावकों ने कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन की ओर से जांच की बात कही जा रही है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई।

यह घटना केवल एक स्कूल तक सीमित नहीं मानी जा रही, बल्कि इसे शिक्षा व्यवस्था में बढ़ती लापरवाही और जवाबदेही की कमी से जोड़कर देखा जा रहा है।

अब बड़ा सवाल यह है कि
क्या दोषियों पर कार्रवाई होगी या मामला फाइलों में दबा दी जाएगी

 

Saurabh Gupta
Author: Saurabh Gupta