सिरौली में शिक्षा का उत्सव: बाल मेले और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बीच प्रधानाध्यापक उवैस खां को भावुक विदाई

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सिरौली में शिक्षा का उत्सव: बाल मेले और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बीच प्रधानाध्यापक उवैस खां को भावुक विदाई

रिपोर्ट : विवेक गुप्ता, सिरौली

सिरौली। न्याय पंचायत केसरपुर क्षेत्र के कंपोजिट विद्यालय सिरौली में शनिवार को शिक्षा, संस्कृति और सम्मान का अनूठा संगम देखने को मिला। निपुण भारत मिशन के तहत आयोजित कार्यक्रम में शिक्षा चौपाल, वार्षिकोत्सव, बाल मेला और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक उवैस खां को भावभीनी विदाई दी गई।

कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन कर किया। शिक्षा चौपाल में वक्ताओं ने निपुण भारत मिशन की महत्ता पर जोर देते हुए अभिभावकों से बच्चों की पढ़ाई को लेकर जागरूक रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा ही बेहतर भविष्य की कुंजी है।

विद्यालय परिसर में लगे बाल मेले में बच्चों ने अपनी रचनात्मकता और कौशल का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। वहीं सांस्कृतिक कार्यक्रमों में छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति, नैतिक मूल्यों और शिक्षा पर आधारित प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया। कार्यक्रम के दौरान अभिभावकों और अतिथियों ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए तालियों से उनका हौसला बढ़ाया।

कार्यक्रम का सबसे भावुक पल तब आया, जब प्राथमिक विद्यालय प्यास के सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक उवैस खां को सम्मानित कर विदाई दी गई। वक्ताओं ने उनके अनुशासन, समर्पण और शिक्षा क्षेत्र में दिए गए योगदान की सराहना करते हुए उन्हें प्रेरणास्रोत बताया। इस अवसर पर उन्हें स्मृति चिन्ह और सम्मान पत्र भेंट किया गया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता राकेश कुमार शास्त्री ने की। उन्होंने कहा कि विद्यालय केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि बच्चों के संस्कार निर्माण की आधारशिला भी है। नगर पंचायत सिरौली के अध्यक्ष प्रतिनिधि अशफाक सकलैनी ने विद्यालय की गतिविधियों की सराहना करते हुए ऐसे आयोजनों को बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए जरूरी बताया।

इस मौके पर नितिन पांडे, विवेक गुप्ता, पवन शर्मा, मनवीर सिंह, प्रधानाध्यापक रियासत खान सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन तनु चौहान ने किया। आयोजन में लक्ष्मी, शिवा, कुमुद, कांत यादव समेत अन्य सहयोगियों की सक्रिय भूमिका रही।

समापन पर मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावकों, स्थानीय नागरिकों और विद्यालय स्टाफ की उपस्थिति रही। आयोजन ने शिक्षा के साथ सामाजिक सहभागिता का सशक्त संदेश दिया।

Saurabh Gupta
Author: Saurabh Gupta