शीशगढ़ पुलिस पर गंभीर आरोप,परिवार ने लगाई SSP से न्याय की गुहार
रिपोर्ट/सौरभ गुप्ता
बरेली के थाना शीशगढ़ पुलिस पर गंभीर आरोप लगे हैं। इज्जतनगर थाना क्षेत्र के गांव करमपुर चौधरी निवासी एक परिवार ने पुलिस पर बिना किसी वैध वारंट और सूचना के दूसरे थाना क्षेत्र से युवकों को उठाकर ले जाने का आरोप लगाया है।
मामले को लेकर परिजनों ने उच्चाधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित के अनुसार भूमि बिक्री से जुड़े एक मामले में विपक्षी पक्ष से 12 लाख रुपये के दो चेक प्राप्त हुए थे, जो बाद में बाउंस हो गए।
इसके बाद पीड़ित पक्ष ने चेक बाउंस का मुकदमा दर्ज कराने के साथ ही बैनामा निरस्त कराने की कानूनी प्रक्रिया शुरू की। आरोप है कि इसी रंजिश में विपक्षी ने पुलिस को गुमराह कर थाना शीशगढ़ में झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया।
परिजनों का कहना है कि 11 जनवरी को थाना शीशगढ़ की पुलिस बिना किसी गिरफ्तारी वारंट के गांव पहुंची और एक बिरयानी होटल से सलमान खां तथा गवाह मौसम खां को पकड़कर अपने साथ ले गई।
परिवार का दावा है कि सलमान खां के खिलाफ न तो थाना शीशगढ़ में और न ही किसी अन्य थाने में कोई आपराधिक मुकदमा दर्ज है।
सोमवार को दोपहर करीब 12 बजे पीड़ित ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि गिरफ्तारी के दौरान न तो कोई लिखित आदेश दिखाया गया और न ही परिवार को विधिवत सूचना दी गई। इससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
पीड़ित परिवार ने मांग की है कि मामले का तत्काल संज्ञान लेकर दोनों युवकों को रिहा कराया जाए और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष व उच्चस्तरीय जांच कराई जाए। फिलहाल यह मामला पुलिस और प्रशासन की कार्यशैली पर सवालिया निशान लगा रहा है।