राहुल सिंह राणा, कटनी। प्रदेश को हिला देने वाले भाजपा नेता नीलू उर्फ नीलेश रजक हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। फरार चल रहे दोनों मुख्य आरोपी प्रिंस जोसेफ और अकरम को पुलिस ने बहोरीबंद क्षेत्र में शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया है। इस त्वरित और निर्णायक कार्रवाई ने अपराधियों में दहशत फैला दी है।
दोनों आरोपियों के पैर में गोली लगने के बाद उन्हें कड़ी सुरक्षा के बीच जबलपुर के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
लव जिहाद के विरोध से जुड़ा था विवाद
जानकारी के अनुसार, मृतक नीलू उर्फ नीलेश रजक, जो भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के मंडल अध्यक्ष थे, क्षेत्र में चल रहे ‘लव जिहाद’ के एक मामले में खुलकर विरोध कर रहे थे। उन्होंने इस विषय पर सख्त रुख अपनाया था और समाज में जागरूकता फैलाने की पहल की थी।
इसी कारण से आरोपी प्रिंस जोसेफ और अकरम उनसे नाराज थे। करीब एक माह पूर्व दोनों ने नीलेश रजक को बीच सड़क पर गोली मारने की धमकी दी थी।
धमकी को दिया अंजाम
धमकी को हकीकत में बदलते हुए कुछ दिनों पहले दोनों आरोपियों ने नीलेश रजक पर फायरिंग कर दी, जिसमें उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए थे, जिनकी तलाश में कटनी और जबलपुर पुलिस की संयुक्त टीमें लगातार दबिश दे रही थीं।
बहोरीबंद में मुठभेड़ के बाद गिरफ्तारी
पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि दोनों आरोपी बहोरीबंद थाना क्षेत्र के कजरवारा इलाके में छिपे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके की घेराबंदी की। खुद को घिरा देखकर दोनों ने फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैर में गोली लगी और वे घायल होकर गिर पड़े।
घायल हालत में दोनों को गिरफ्तार कर इलाज के लिए जबलपुर लाया गया।
पुलिस का जीरो टॉलरेंस संदेश
इस कार्रवाई से यह स्पष्ट संकेत गया है कि मध्य प्रदेश पुलिस अपराध और अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति अपना रही है। कटनी और जबलपुर की संयुक्त टीम ने जिस स्तर पर तत्परता के साथ आरोपियों को पकड़ा सर्वत्र कटनी और जबलपुर पुलिस की वाहवही हो रही है.