
सीएमओ दफ्तर बना धरना स्थल, झोलाछाप डॉक्टरों को संरक्षण देने के आरोपों से गरमाया बरेली
झोलाछाप पर गलत ऑपरेशन का आरोप, सीएमओ कार्यालय में परिजनों का हंगामा
स्वास्थ्य विभाग कटघरे में: झोलाछाप के गलत इलाज से महिला की हालत बिगड़ी, परिजनो का आरोप
रिपोर्ट : सौरभ गुप्ता
बरेली! बरेली में झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ उठ रही आवाज अब तेज होती जा रही है। ताजा मामला उस समय सामने आया जब एक पीड़ित महिला के परिजन सीएमओ कार्यालय पहुंचकर जोरदार धरना-प्रदर्शन पर उतर आए। परिजनों का आरोप है कि झोलाछाप डॉक्टर द्वारा किए गए गलत ऑपरेशन से महिला की हालत गंभीर हो गई, लेकिन इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की।
प्रदर्शन कर रहे परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्थाओं को पूरी तरह चरमराई हुई बताते हुए कहा कि जिले में झोलाछाप डॉक्टर खुलेआम मरीजों की जिंदगी से खेल रहे हैं। पीड़ित परिवार का दावा है कि उन्होंने कई बार शिकायत की, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी मामले को दबाने का प्रयास करते रहे।


परिजनों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि झोलाछाप डॉक्टर को एसीएमओ डॉ. अमित कुमार का संरक्षण प्राप्त है, इसी वजह से उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पा रही। पीड़ित परिवार डोहरा गोटिया क्षेत्र का निवासी बताया जा रहा है।
स्थिति बिगड़ते देख सीएमओ कार्यालय में कोतवाली पुलिस को बुलाया गया, जिसने प्रदर्शनकारियों को शांत कराने का प्रयास किया। परिजनों ने चेतावनी दी कि यदि दोषी झोलाछाप और उसे संरक्षण देने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
गौरतलब है कि बरेली में झोलाछाप डॉक्टरों को लेकर पहले भी कई मामले सामने आ चुके हैं, लेकिन कार्रवाई के नाम पर सिर्फ औपचारिकता ही देखने को मिलती रही है। अब सवाल यह है कि क्या इस बार स्वास्थ्य विभाग जवाबदेही तय करेगा या मामला फिर ठंडे बस्ते में चला जाएगा।