
लखनऊ में बर्खास्त सिपाही की अवैध कमाई की करोड़ों रूपये की आलीशान कोठी ने खड़े किए कई सवाल, जाने पूरी खबर एवं विडिओ
लखनऊ/बरेली! उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में सामने आई एक हैरान करने वाली कहानी ने पुलिस विभाग से लेकर आम लोगों तक को चौंका दिया है। यह मामला किसी मंत्री, सांसद या विधायक की संपत्ति से जुड़ा नहीं है, बल्कि यूपी पुलिस से बर्खास्त किए गए एक सिपाही आलोक सिंह से संबंधित है, जिसने अपनी सीमित सरकारी आय के बावजूद ऐसा भव्य महलनुमा घर खड़ा कर लिया, जिसकी चर्चा अब हर तरफ हो रही है।

जानकारी के अनुसार आलोक सिंह यूपी पुलिस में सिपाही के पद पर तैनात था। उसकी नौकरी की शुरुआत एक साधारण कर्मचारी के रूप में हुई थी, जहां अधिकतम मासिक वेतन लगभग 40 हजार रुपये के आसपास बताया जाता है। इतनी सीमित आय में लखनऊ जैसे महंगे शहर में करोड़ों की लागत से बना आलीशान भवन खड़ा होना कई गंभीर सवालों को जन्म देता है।
जांच एजेंसियों के मुताबिक, आलोक सिंह पर नकली कोडीन युक्त कफ सिरप की तस्करी और बिक्री का बड़ा आरोप है। बताया जा रहा है कि उसने अवैध रूप से कफ सिरप का नेटवर्क खड़ा किया, जिसमें फर्जी बिलिंग, गैरकानूनी सप्लाई और कागजों में हेरफेर कर मोटा मुनाफा कमाया गया। इसी अवैध कमाई को उसने रियल एस्टेट और अन्य संपत्तियों में निवेश किया।
सूत्रों के अनुसार, जिस घर की तस्वीरें सामने आई हैं, वह किसी छोटे महल से कम नहीं है। शानदार गेट, ऊंची दीवारें, आधुनिक इंटीरियर और महंगी सजावट इस बात की गवाही देती है कि इस निर्माण में करोड़ों रुपये खर्च किए गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि एक पूर्व सिपाही इतनी संपत्ति का मालिक हो सकता है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और अन्य जांच एजेंसियों ने आलोक सिंह को हिरासत में ले लिया है। उस पर एनडीपीएस एक्ट सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल थे, तथा क्या किसी स्तर पर उसे अंदरूनी संरक्षण मिला हुआ था।
इस मामले ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि नशीली दवाओं के अवैध कारोबार से किस तरह कुछ लोग रातों-रात अकूत संपत्ति के मालिक बन जाते हैं। साथ ही यह भी चर्चा का विषय बन गया है कि सिस्टम में मौजूद खामियों का फायदा उठाकर किस तरह कानून के रक्षक ही कानून तोड़ने वाले बन जाते हैं।
फिलहाल जांच जारी है और एजेंसियां आलोक सिंह की संपत्तियों, बैंक खातों और संपर्कों की गहन पड़ताल कर रही हैं। आने वाले दिनों में इस मामले में और भी बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।