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टोल प्लाजा बना गुंडों का अड्डा! हाईकोर्ट के वकील को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा, वीडियो से मचा हड़कंप, देखें पूरा वीडिओ…….

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टोल प्लाजा बना गुंडों का अड्डा! हाईकोर्ट के वकील को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा, वीडियो से मचा हड़कंप, देखें पूरा वीडिओ…….

फास्टैग के नाम पर हुआ बवाल: बाराबंकी टोल पर अधिवक्ता से मारपीट, सोने की अंगूठी भी गायब!

वकील भी सुरक्षित नहीं! टोल कर्मचारियों की दबंगई से भड़के अधिवक्ता, थाना घेराव

रिपोर्ट : बाराबंकी ब्यूरो

बाराबंकी। लखनऊ–सुलतानपुर हाईवे पर स्थित हैदरगढ़ क्षेत्र का बारा टोल प्लाजा एक बार फिर दबंगई और अराजकता का प्रतीक बन गया है। यहां टोल कर्मचारियों की गुंडागर्दी का एक चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है, जिसमें प्रयागराज हाईकोर्ट के अधिवक्ता को खुलेआम पीटते हुए देखा जा सकता है। वीडियो वायरल होते ही जिले भर के अधिवक्ताओं में जबरदस्त आक्रोश फैल गया।

प्रतापगढ़ निवासी एवं प्रयागराज हाईकोर्ट में प्रैक्टिस करने वाले अधिवक्ता रत्नेश कुमार शुक्ला बुधवार को अपने एक मुकदमे की पैरवी के लिए कार से लखनऊ जा रहे थे। जैसे ही वह बारा टोल प्लाजा पहुंचे, टोल कर्मियों ने उनके फास्टैग में बैलेंस न होने की बात कह दी। अधिवक्ता ने नियमों के तहत नकद भुगतान कर आगे बढ़ने की बात कही, लेकिन इसी बात को लेकर टोल कर्मियों ने विवाद खड़ा कर दिया।

👆देखें वायरल हुआ वीडिओ👆

आरोप है कि कुछ ही पलों में कई टोल कर्मचारी इकट्ठा हो गए और अधिवक्ता के साथ धक्का-मुक्की से शुरू हुई बहस मारपीट में बदल गई। अधिवक्ता को बेरहमी से पीटा गया, जिससे उन्हें चोटें आईं। इतना ही नहीं, इस दौरान उनकी सोने की अंगूठी छीने जाने का भी आरोप लगाया गया है। पूरी घटना किसी ने मोबाइल में रिकॉर्ड कर ली, जो अब सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल रही है।

वीडियो सामने आते ही हैदरगढ़ तहसील के अधिवक्ता उबल पड़े। बड़ी संख्या में वकील कोतवाली पहुंच गए और टोल कर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए जमकर नारेबाजी की। कुछ समय के लिए थाना परिसर का माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया। अधिवक्ताओं का कहना था कि जब हाईकोर्ट का वकील सुरक्षित नहीं, तो आम नागरिक की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा?

मामले की गंभीरता को देखते हुए कोतवाली प्रभारी अभिमन्यु मल्ल ने मौके पर पहुंचकर वकीलों को शांत कराया और पीड़ित की तहरीर पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। पुलिस ने इस मामले में पांच नामजद और दो अज्ञात टोल कर्मचारियों के खिलाफ मारपीट, हमला और लूट जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिशें दी जा रही हैं।

घटना के बाद कुछ अधिवक्ता टोल प्लाजा भी पहुंचे और वहां विरोध दर्ज कराया, हालांकि वरिष्ठ अधिवक्ताओं के समझाने-बुझाने से स्थिति को संभाल लिया गया। पुलिस का दावा है कि जांच निष्पक्ष होगी और दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।

Saurabh Gupta
Author: Saurabh Gupta